
पैजेट्स रोग में प्रभावित पैर की हड्डी, जिसमें असामान्य हड्डी वृद्धि और विकृति दिखाई गई है
अगर आपको या आपके किसी जानने वाले को हड्डियों से जुड़ी कोई असामान्य समस्या बताई गई है और डॉक्टर ने “Paget’s Disease” का नाम लिया है, तो घबराने की जरूरत नहीं है। इस लेख में हम आसान और बातचीत वाली हिंदी में समझेंगे कि Paget’s Disease क्या होती है, इसके लक्षण क्या हैं, क्यों होती है और इसका इलाज कैसे किया जाता है।
Paget’s Disease को हिंदी में “पेजेट्स रोग” कहा जाता है। यह एक ऐसी बीमारी है जिसमें हड्डियों के बनने और टूटने की प्रक्रिया (bone remodeling) असामान्य हो जाती है।
सामान्य रूप से हमारी हड्डियां लगातार टूटती और फिर बनती रहती हैं, लेकिन Paget’s Disease में यह प्रक्रिया बहुत तेज और असंतुलित हो जाती है। नतीजा यह होता है कि नई हड्डी कमजोर, मोटी और विकृत बन जाती है।
यह बीमारी शरीर की किसी भी हड्डी को प्रभावित कर सकती है, लेकिन आमतौर पर यह इन हिस्सों में ज्यादा देखी जाती है:
हर मरीज में सभी हड्डियां प्रभावित हों, ऐसा जरूरी नहीं है।
कई बार Paget’s Disease में शुरुआत में कोई लक्षण दिखाई नहीं देते और यह बीमारी किसी अन्य जांच के दौरान पकड़ में आती है। लेकिन जैसे-जैसे बीमारी बढ़ती है, ये लक्षण दिख सकते हैं:
Paget’s Disease के सही कारण पूरी तरह स्पष्ट नहीं हैं, लेकिन कुछ संभावित कारण माने जाते हैं:
अगर परिवार में किसी को Paget’s Disease रही हो, तो अगली पीढ़ी में इसका खतरा बढ़ सकता है।
कुछ रिसर्च में यह माना गया है कि बचपन में हुए कुछ वायरल इंफेक्शन आगे चलकर इस बीमारी को ट्रिगर कर सकते हैं।
यह बीमारी आमतौर पर 50 साल की उम्र के बाद ज्यादा देखी जाती है।
डॉक्टर Paget’s Disease की पुष्टि के लिए कुछ जांच करवाते हैं:

हड्डियों की जांच के लिए एक्स-रे मशीन के साथ मरीज की मेडिकल जांच
अच्छी बात यह है कि Paget’s Disease को कंट्रोल किया जा सकता है।
बिस्फॉस्फोनेट्स, जो हड्डियों के असामान्य बनने की प्रक्रिया को धीमा करती हैं
दर्द कम करने की दवाइयां

पैजेट्स रोग या हड्डियों की समस्या में फिजियोथेरेपी के दौरान वरिष्ठ मरीज की एक्सरसाइज
बहुत गंभीर मामलों में, जैसे हड्डी का बहुत ज्यादा टेढ़ा होना या फ्रैक्चर, सर्जरी की जरूरत पड़ सकती है।
Paget’s Disease एक गंभीर लेकिन मैनेजेबल बीमारी है। समय पर पहचान और सही इलाज से इसके असर को काफी हद तक कम किया जा सकता है। अगर आपको हड्डियों में लंबे समय से दर्द या कोई असामान्य बदलाव महसूस हो रहा है, तो इसे नजरअंदाज न करें।
अगर आपको हड्डियों से जुड़ी किसी भी समस्या को लेकर सही मार्गदर्शन चाहिए, तो ऑर्थोपेडिक विशेषज्ञ Dr. Ankur Singh से परामर्श लेना आपके लिए फायदेमंद हो सकता है।